कान पर जूँ तक न रेंगना मुहावरे का अर्थ और वाक्य प्रयोग

(A) बुद्धि भ्रष्ट होना
(B) अपना मतलब निकालना
(C) कुछ प्रभाव न होना
(D) शर्मिंदा होना

Answer : कुछ प्रभाव न होना
Explanation : कान पर जूँ तक न रेंगना मुहावरे का अर्थ कुछ प्रभाव न होना होता है। कान पर जूँ तक न रेंगना मुहावरे का वाक्य प्रयोग — 1. श्री कृष्ण ने दुर्योधन को बहुत समझाया किंतु उसके कानों पर जूं तक न रेंगी। 2. लाख समझाने पर भी रवि के कान पर जूं तक नहीं रेंगी। मुहावरा शब्द एक अरबी शब्द है जिसका अर्थ होता है–अभ्यास करना। मुहावरे वाक्य के अंश होते हैं। मुहावरों से सामान्य अर्थ नहीं बल्कि, विशेष अर्थ निकलता है। इनके प्रयोग से भाषा में सरसता व रोचकता आ जाती है। इनका प्रयोग वाक्यों में ही जाने वाली अन्य बातों के साथ जुड़कर होता है। वाक्यों में मुहावरों का प्रयोग किया जाता है, अर्थों का नहीं। हिंदी के कुछ विद्वान मुहावरा को वाग्धारा अथवा रोजमर्रा भी कहते है। किंतु प्रचलित भाषा में मुहावरा ही है।
Tags : मुहावरे, सामान्य हिन्दी प्रश्नोत्तरी
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Web Title : Kaan Par Ju Tak Na Rengna Muhavare Ka Arth